➤ जंगली हाथियों और बाघों के सटीक ट्रैकिंग के निर्देश; वन कर्मियों की सुरक्षा के लिए इलेक्ट्रिक स्टिक और गश्त के लिए नए वाहन मिलेंगे
महाराष्ट्र भूमि | मुंबई
फॉरेस्ट इंडस्ट्रियल डेवलपमेंट कॉर्पोरेशन की स्थापना करने तथा चंद्रपुर जिले के सावली तालुका सहित आसपास के क्षेत्रों में हाथियों, बाघों और अन्य हिंसक वन्यजीवों द्वारा होने वाले हमलों व फसलों के नुकसान को रोकने के लिए आधुनिक तकनीक का प्रभावी उपयोग किया जाए। ये निर्देश महाराष्ट्र के वन मंत्री गणेश नाईक ने दिए। वे मंत्रालय में आयोजित एक उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक की अध्यक्षता कर रहे थे। बैठक में विधायक सुधीर मुनगंटीवार तथा वन विभाग के वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित थे।
वन मंत्री गणेश नाईक ने कहा कि महाराष्ट्र में फर्नीचर निर्माण के क्षेत्र में अपार संभावनाएं हैं। राज्य में उत्पादित लकड़ी के फर्नीचर को वैश्विक बाजार में भेजा जा सकता है। इसके लिए कोंकण, उत्तर महाराष्ट्र, पश्चिम महाराष्ट्र और विदर्भ क्षेत्रों में इस योजना के विस्तार की संभावनाओं को तलाशने और आधुनिक मशीनरी व तकनीक का उपयोग करने के निर्देश दिए गए।
➤ हाथियों की गतिविधियों की होगी सटीक ट्रैकिंग:
बैठक में अधिकारियों ने अवगत कराया कि चंद्रपुर जिले में हाथियों की संख्या २३ से बढ़कर ३३ हो गई है। सावली तालुका में जंगली हाथियों के झुंड के प्रवेश को देखते हुए वन मंत्री ने नागरिकों की सुरक्षा के लिए विशेष उपाय करने के आदेश दिए। हाथियों की आवाजाही की नियमित और सटीक जानकारी अपडेट रखने, गश्त बढ़ाने और आवश्यकता पड़ने पर नए वाहनों की तत्काल खरीद करने के निर्देश दिए गए।
➤ वन कर्मियों की सुरक्षा और मुआवजे पर जोर:
वन मंत्री ने स्पष्ट किया कि हिंसक जानवरों के हमलों से होने वाले नुकसान का मुआवजा पीड़ितों को बिना किसी विलंब के मिलना चाहिए। साथ ही, संवेदनशील क्षेत्रों में गश्त करने वाले वन कर्मचारियों की सुरक्षा के लिए उन्हें इलेक्ट्रिक स्टिक उपलब्ध कराने की बात कही। विधायक सुधीर मुनगंटीवार ने वन विभाग के लिए जल्द से जल्द एक स्वतंत्र इंजीनियरिंग विंग शुरू करने का सुझाव दिया।

