Latest News

August 15, 2026
Follow Us:

Latest News

August 15, 2026
Follow Us:

‘महाराष्ट्र भूमि’ एक विश्वसनीय हिंदी/अंग्रेजी समाचार पत्र है। हमारा मानना है कि पत्रकारिता केवल सूचना देना ही नहीं, बल्कि समाज को सशक्त बनाना भी है। इसीलिए, हम ‘सकारात्मक पत्रकारिता’ के सिद्धांत पर चलते हैं—ऐसी खबरें जो समाज को जागरूक करें, सशक्त बनाएं और राष्ट्र निर्माण में सकारात्मक योगदान दें।

Quick Contact:

महाराष्ट्र भूमिआध्यात्म / धर्मआषाढ़ी वारी 2026: संत ज्ञानेश्वर और संत तुकाराम महाराज पालखी प्रस्थान की तारीखें घोषित, यहाँ देखें वारी का पूरा शेड्यूल और रिंगण सोहळा का समय
आषाढ़ी वारी 2026: संत ज्ञानेश्वर और संत तुकाराम महाराज पालखी प्रस्थान की तारीखें घोषित, यहाँ देखें वारी का पूरा शेड्यूल और रिंगण सोहळा का समय

आषाढ़ी वारी 2026: संत ज्ञानेश्वर और संत तुकाराम महाराज पालखी प्रस्थान की तारीखें घोषित, यहाँ देखें वारी का पूरा शेड्यूल और रिंगण सोहळा का समय

पुणे/पंढरपुर:

महाराष्ट्र के कोने-कोने में ‘ज्ञानोबा-तुकाराम’ और ‘विठ्ठल-विठ्ठल’ के जयघोष की गूंज शुरू होने वाली है। वारकरी संप्रदाय के सबसे बड़े और पावन उत्सव आषाढ़ी वारी 2026का आधिकारिक शेड्यूल संत ज्ञानेश्वर महाराज संस्थान (आलंदी) और संत तुकाराम महाराज संस्थान (देहू) द्वारा जारी कर दिया गया है।

इस वर्ष आषाढ़ी एकादशी का मुख्य महासोहळा शनिवार, 25 जुलाई 2026 को पंढरपुर के श्री विठ्ठल-रुक्मिणी मंदिर में आयोजित होगा। आइए जानते हैं देहू और आलंदी से निकलने वाली प्रमुख पालखियों का पूरा यात्रा मार्ग, प्रमुख पड़ाव और अद्भुत रिंगण सोहळा की महत्वपूर्ण तारीखें।

संत तुकाराम महाराज पालखी सोहळा (देहू) का शेड्यूल

जगद्गुरु संत तुकाराम महाराज की पालखी अपने 341वें वर्ष में 7 जुलाई 2026 को देहू के मुख्य मंदिर परिसर से पंढरपुर के लिए प्रस्थान करेगी।

  • 7 जुलाई: देहू मुख्य मंदिर से प्रस्थान, पहला रात का पड़ाव इनामदार वाड़ा में।
  • 8 जुलाई: आकुर्डी (पिंपरी-चिंचवड़) के श्री विठ्ठल मंदिर में मुकाम ।
  • 9 और 10 जुलाई: पुणे शहर (नाना पेठ, निवडुंगा विठोबा मंदिर) में दो दिवसीय ठहराव।
  • 11 से 23 जुलाई: लोनी कालभोर, यवत, बारामती, इंदापुर और अकलूज होते हुए वाखरी की ओर प्रस्थान।
  • 24 जुलाई: पंढरपुर धाम में आगमन और विठ्ठल चरणों में विसावा।

संत ज्ञानेश्वर महाराज पालखी सोहळा (आलंदी) का शेड्यूल

माउली यानी संत ज्ञानेश्वर महाराज की पालखी 8 जुलाई 2026 को दोपहर ठीक 3:00 बजे आलंदी के समाधि मंदिर से पंढरपुर के लिए रवाना होगी।

  • 8 जुलाई: आलंदी (नया दर्शन मंडप) से प्रस्थान और पहला मुकाम।
  • 9 और 10 जुलाई: पुणे शहर (भवानी पेठ, विठ्ठल मंदिर) में दो दिन का मुकाम।
  • 11 और 12 जुलाई: सासवड।
  • 13 जुलाई: जेजुरी (खंडोबा नगरी)।
  • 15 जुलाई: नीरा स्नान (पादुकाओं का पवित्र नदी स्नान)।
  • 16 से 23 जुलाई: तरडगांव, फलटण, बरड, नातेपुते, मालशिरस और वेळापूर होते हुए वाखरी।
  • 24 जुलाई: पंढरपुर शहर में भव्य प्रवेश।

आकर्षण का केंद्र: माउली के ‘रिंगण सोहळा’ का समय

वारी के दौरान अश्वों (घोड़ों) और वारकरियों की दौड़ (रिंगण) को देखना एक अलौकिक अनुभव होता है। संत ज्ञानेश्वर महाराज की पालखी के प्रमुख रिंगण इस प्रकार होंगे:

तारीख (2026)रिंगण का प्रकारस्थान (कहाँ आयोजित होगा)
16 जुलाईपहला खड़ा (Ubha) रिंगणचांदोबाचा लिंब
20 जुलाईपहला गोल (Circular) रिंगणपुरंदवडे
21 जुलाईदूसरा गोल रिंगणखुडुस फाटा
22 जुलाईतीसरा गोल रिंगणठाकुरबुवाची समाधी
23 जुलाईदूसरा खड़ा और चौथा गोल रिंगणबाजीरावची विहीर (वाखरी)
24 जुलाईतीसरा खड़ा रिंगणइसबावी (पंढरपुर के पास)

पुणे में मुकाम का पेच सुलझा

पिछले कुछ दिनों से पुणे में पालखी के ठहरने की जगह को लेकर संशय बना हुआ था, लेकिन प्रशासन की लिखित गारंटी और जगह के विस्तार के आश्वासन के बाद संत ज्ञानेश्वर महाराज संस्थान कमिटी ने स्पष्ट किया है कि हमेशा की तरह इस बार भी पालखी का दो दिवसीय मुकाम भवानी पेठ स्थित विठोबा मंदिर में ही रहेगा।

सुरक्षा के लिहाज से राज्य सरकार और स्थानीय पुलिस प्रशासन ने पूरे रूट पर सीसीटीवी, मोबाइल टॉयलेट्स, एम्बुलेंस और पीने के साफ पानी की विशेष व्यवस्था की है।

Leave a Comment

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Related Post